आज, 17 अक्टूबर 2025 को दिल्ली में सोने की कीमतों में तेजी देखी गई है। 24 कैरेट सोना अब ₹13,292 प्रति ग्राम पर ट्रेड कर रहा है, जो पिछले दिन की तुलना में ₹333 अधिक है। 22 कैरेट सोने की कीमत ₹12,185 प्रति ग्राम और 18 कैरेट सोने की कीमत ₹9,722 प्रति ग्राम रही। विशेषज्ञों के अनुसार, दिल्ली में सोने की कीमतों में यह उछाल त्योहारी सीजन और निवेशकों की बढ़ती मांग का परिणाम है। निवेशक त्योहारों और शादी के सीजन में सोने की खरीदारी के लिए सक्रिय हो गए हैं, जिससे बाजार में हलचल बढ़ी है।
अमृतसर में सोने की कीमतों की स्थिति
अमृतसर में भी आज सोने की कीमतों में तेजी देखी गई। 24 कैरेट सोने की कीमत ₹13,292 प्रति ग्राम, 22 कैरेट की ₹12,185 प्रति ग्राम और 18 कैरेट की कीमत ₹9,973 प्रति ग्राम दर्ज की गई। 24 कैरेट और 22 कैरेट में क्रमशः ₹333 और ₹305 की वृद्धि हुई है। वहीं, 18 कैरेट में ₹250 की बढ़ोतरी देखने को मिली। अमृतसर में सोने की कीमतों में यह उछाल स्थानीय बाजार में त्योहारी मांग और वैश्विक मूल्य अस्थिरता का नतीजा माना जा रहा है।
सोने की कीमतों में बढ़ोतरी के कारण
विशेषज्ञों के अनुसार, सोने की कीमतों में वृद्धि के कई कारण हैं। डॉलर के मुकाबले रुपये की कमजोरी, अंतरराष्ट्रीय बाजार में चांदी और सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव, और त्योहारी सीजन में बढ़ती मांग मुख्य वजहें हैं। इसके अलावा, अमेरिका और यूरोप में आर्थिक अनिश्चितताओं और वैश्विक तनावों ने भी सोने की कीमतों को बढ़ावा दिया है।
निवेशकों के लिए सलाह
विशेषज्ञ निवेशकों को सलाह दे रहे हैं कि वे सोने में निवेश करने से पहले मौजूदा बाजार की स्थिति और भावी संभावनाओं का मूल्यांकन करें। त्योहारी सीजन और शादियों के सीजन में सोने की मांग में वृद्धि के कारण कीमतें और बढ़ सकती हैं। ऐसे में, समय पर निवेश करने वाले निवेशक लाभ में रह सकते हैं।
खपत और निवेश का नया रुझान
त्योहारी मौसम के चलते अब लोगों ने गहनों की बजाय गोल्ड बार्स और सिक्कों में निवेश करना शुरू कर दिया है। भारतीय बुलियन एंड ज्वैलरी एसोसिएशन के अनुसार, गोल्ड बार्स और सिक्कों की मांग पिछले कुछ हफ्तों में बढ़ी है। लोग अपने पुराने सोने को री-साइकिल करवाकर भी नई खरीदारी कर रहे हैं।
दिल्ली और अमृतसर में सोने की कीमतों में लगातार तेजी निवेशकों और ग्राहकों दोनों के लिए ध्यान देने योग्य है। त्योहारी सीजन में सोने की कीमतें बढ़ी हुई हैं, लेकिन मांग में कमी नहीं आई है। निवेशक और खरीदार बाजार की मौजूदा स्थिति को देखते हुए अपने फैसले ले रहे हैं।
