पंजाब में शिक्षा क्षेत्र को मजबूत बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने दो नए स्कूल ऑफ एमिनेंस की शुरुआत की। उद्घाटन समारोह के दौरान शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में शिक्षा व्यवस्था में बड़े बदलाव देखने को मिले हैं। उन्होंने कहा कि सरकार केवल नए स्कूल नहीं बना रही, बल्कि ऐसे संस्थान तैयार कर रही है जहां से भविष्य के अधिकारी, इंजीनियर, डॉक्टर और नेतृत्वकर्ता निकलेंगे।
NEET में छात्रों की सफलता पर खुशी
हरजोत सिंह बैंस ने लुधियाना के 160 विद्यार्थियों के NEET परीक्षा में सफल होने पर खुशी जताई। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि शिक्षकों, विद्यार्थियों और अभिभावकों के संयुक्त प्रयास का परिणाम है। सरकार का उद्देश्य सरकारी स्कूलों के छात्रों को भी उच्च शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है।
शिक्षा के क्षेत्र में बड़ा बदलाव
शिक्षा मंत्री ने कहा कि कुछ वर्षों में पंजाब की शिक्षा व्यवस्था में उल्लेखनीय परिवर्तन आया है। उनके अनुसार, वर्ष 2021 में जहां केवल 80 विद्यार्थी NEET परीक्षा पास कर पाए थे, वहीं अब यह संख्या बढ़कर 882 तक पहुंच गई है। उन्होंने इसे शिक्षा सुधारों, आधुनिक सुविधाओं और गुणवत्तापूर्ण शिक्षण का परिणाम बताया।
सरकारी स्कूलों पर बढ़ा भरोसा
हरजोत सिंह बैंस ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान के दृढ़ संकल्प के कारण पंजाब शिक्षा के क्षेत्र में नई पहचान बना रहा है। स्कूल ऑफ एमिनेंस, आधुनिक कक्षाएं, बेहतर प्रयोगशालाएं, डिजिटल शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी जैसी पहल से सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों का आत्मविश्वास बढ़ा है। सरकार का मानना है कि इन प्रयासों से अधिक से अधिक छात्र गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त कर अपने सपनों को साकार करने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं।
