पंजाब के लिए गर्व का एक ऐतिहासिक अवसर उस समय सामने आया जब महाराजा रणजीत सिंह आर्म्ड फोर्सेज प्रिपरेटरी इंस्टीट्यूट (एम आर एस ए एफ पी आई), एस ए एस नगर के पांच पूर्व कैडेट प्रतिष्ठित राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (एनडीए), खड़कवासला से सफलतापूर्वक पास-आउट हुए। एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड का निरीक्षण भारतीय सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने किया। इस समारोह ने पंजाब के युवाओं की प्रतिभा और समर्पण को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई।
पांच जिलों के युवाओं ने हासिल की बड़ी सफलता
एनडीए से स्नातक होने वाले इन पांच कैडेटों में संगरूर के जसकीर्तन सिंह, जालंधर के मनजोत सिंह वालिया और ध्रुव भंडारी, पटियाला के हर्षदीप सिंह तथा मोहाली के पार्थ कवि शामिल हैं। इन युवाओं ने पहले एमआरएसएएफपीआई में दो वर्षों तक विशेष सैन्य तैयारी का प्रशिक्षण लिया और उसके बाद एनडीए में तीन वर्षों का कठिन प्रशिक्षण पूरा किया।
कोविड काल की चुनौतियों के बीच दिखाई दृढ़ता
इन कैडेटों की प्रशिक्षण अवधि का बड़ा हिस्सा कोविड-19 महामारी के दौरान बीता। उस समय कई तरह की चुनौतियां सामने थीं, लेकिन इन युवाओं ने अपने लक्ष्य से ध्यान नहीं हटाया। अनुशासन, मेहनत और समर्पण के बल पर उन्होंने प्रशिक्षण के हर चरण को सफलतापूर्वक पूरा किया। उनकी यह उपलब्धि युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बन रही है।
अब बनेंगे भारतीय सशस्त्र सेनाओं के अधिकारी
एनडीए से पास-आउट होने के बाद ये सभी कैडेट अब अपनी-अपनी सेवा प्रशिक्षण अकादमियों में आगे की ट्रेनिंग के लिए जाएंगे। वहां आवश्यक सैन्य प्रशिक्षण पूरा करने के बाद अगले वर्ष इन्हें भारतीय सशस्त्र सेनाओं में कमीशंड अधिकारी के रूप में नियुक्त किया जाएगा। इससे देश की रक्षा सेवाओं में पंजाब के युवाओं की भागीदारी और मजबूत होगी।
मंत्री अमन अरोड़ा ने दी शुभकामनाएं
पंजाब के रोजगार सृजन, कौशल विकास एवं प्रशिक्षण मंत्री अमन अरोड़ा ने सभी कैडेटों को बधाई देते हुए कहा कि इन युवाओं ने पूरे पंजाब का नाम रोशन किया है। उन्होंने कहा कि यह सफलता मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में युवाओं को रक्षा सेवाओं के लिए तैयार करने की राज्य सरकार की पहल का सकारात्मक परिणाम है। उन्होंने कैडेटों को पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ देश सेवा करने के लिए प्रेरित किया।
संस्थान के कई और कैडेट तैयार
एमआरएसएएफपीआई के निदेशक मेजर जनरल अजय एच. चौहान ने बताया कि संस्थान की सफलता का यह सफर आगे भी जारी रहेगा। उन्होंने जानकारी दी कि संस्थान के 25 अन्य कैडेट वर्तमान में एसएसबी साक्षात्कार की तैयारी कर रहे हैं। इन युवाओं की उपलब्धियां संस्थान और पूरे पंजाब के लिए गर्व का विषय बनी हुई हैं।
