पंजाब में नशा माफियाओं के खिलाफ जारी ‘युद्ध नशों के विरुद्ध’ मुहिम के 104वें दिन पुलिस ने एक बार फिर बड़ा सफलता हासिल की है। शुक्रवार को पंजाब पुलिस ने 116 नशा तस्करों को गिरफ्तार किया है और उनके कब्जे से भारी मात्रा में ड्रग्स बरामद की है।
बरामदगी का ब्यौरा
पुलिस ने कुल 9.9 किलो हेरोइन, 1.5 किलो अफीम और करीब 11.23 लाख रुपये की नकदी बरामद की है, जो ड्रग मनी के तौर पर इस्तेमाल हो रही थी। ये बड़ी कामयाबी पंजाब पुलिस की सख्त कार्रवाई और लगातार हो रही छापेमारी का नतीजा है।
अब तक कुल गिरफ्तारी
इस अभियान की शुरुआत से लेकर अब तक कुल 17,282 नशा तस्करों को गिरफ्तार किया जा चुका है। यह संख्या इस मुहिम की सफलता और पुलिस की मेहनत को दर्शाती है।
बड़े पैमाने पर छापेमारी
इस अभियान में पंजाब पुलिस ने बहुत ही संगठित तरीके से काम किया। स्पेशल डीजीपी कानून और व्यवस्था के अरपित शुक्ला ने बताया कि लगभग 90 गजटेड अधिकारी और 1300 से अधिक पुलिस कर्मी इस मुहिम में शामिल थे। उन्होंने पूरे पंजाब में लगभग 469 जगहों पर छापेमारी की। इस बड़े ऑपरेशन में कुल 200 से अधिक पुलिस टीमें लगी हुई थीं।
एफआईआर और जांच
छापेमारी के दौरान पंजाब में 80 से अधिक एफआईआर दर्ज की गईं। पुलिस ने दिनभर में लगभग 499 संदिग्ध लोगों की जांच भी की, जिससे नशा तस्करी और माफियाओं पर नजर रखी जा रही है।
नशा छोड़वाने की पहल
पुलिस ने सिर्फ नशा तस्करों को पकड़ने तक सीमित नहीं रखा, बल्कि नशे से बाहर निकलने के लिए भी प्रयास किए हैं। इस अभियान के तहत 56 व्यक्तियों को नशा छोड़ने और पुनर्वास के लिए तैयार किया गया है। यह पहल नशा समस्या के समाधान में एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है।
पंजाब पुलिस की यह मुहिम लगातार चल रही है और नशा तस्करी के खिलाफ सख्ती से निपटने के लिए कई कदम उठाए जा रहे हैं। नशे के खिलाफ यह अभियान पंजाब में लोगों को स्वस्थ और सुरक्षित जीवन देने के लिए बेहद जरूरी है। जनता से भी अपील की जा रही है कि वे पुलिस के साथ सहयोग करें और नशे की लत से खुद और समाज को बचाएं।
इस तरह की कार्रवाई से पंजाब में नशे की समस्या को कम करने की उम्मीद बढ़ रही है और पुलिस का यह जज्बा काबिल-ए-तारीफ है।
