पंजाब में बाढ़ प्रभावित इलाकों को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज है। शनिवार को केंद्रीय राज्य मंत्री एल. मुरुगन रोपड़ पहुँचे और हालात का जायज़ा लिया। इस मौके पर आम आदमी पार्टी के विधायक दिनेश चड्ढा ने उनसे मुलाकात कर पंजाब के हक़ और बाढ़ पीड़ितों की मदद को लेकर अहम मुद्दे उठाए।
SDRF की शर्तों पर सवाल
विधायक चड्ढा ने SDRF (स्टेट डिजास्टर रिस्पॉन्स फंड) की मौजूदा शर्तों को अव्यवहारिक बताया और मांग की कि इन्हें ज़मीनी हकीकत, लोगों की ज़रूरतों और मौजूदा बाज़ार की कीमतों के हिसाब से बदला जाए। उन्होंने कहा कि मौजूदा नियमों के चलते बाढ़ प्रभावित परिवारों को वास्तविक मदद नहीं मिल पाती।
रोपड़ की आवाज़ बुलंद
चड्ढा ने विशेष तौर पर रोपड़ का मुद्दा उठाते हुए कहा कि भाखड़ा डैम और गोबिंद सागर झील की वजह से सबसे पहले इस जिले को बाढ़ की मार झेलनी पड़ती है। इसके बावजूद यहां के लोगों को वह अधिकार और सुविधाएँ नहीं मिल रही हैं जिनके वे हकदार हैं।
सिंचाई पानी पर हक़ की मांग
विधायक ने कहा कि रोपड़ से होकर निकलने वाला सिंचाई का पानी छह राज्यों तक पहुँचता है, लेकिन रोपड़ को खुद इस पानी का लाभ नहीं दिया जाता। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि रोपड़ के किसानों को भी इस पानी का बराबर हक़ मिलना चाहिए ताकि वे बाढ़ जैसी आपदा से उबरने और अपनी खेती को सँभालने में सक्षम हो सकें।
“बाढ़ पीड़ितों तक पहुँचे वास्तविक मदद”
AAP विधायक ने कहा कि केंद्र सरकार को चाहिए कि वह पंजाब के हक़ और यहां की जनता की ज़रूरतों को गंभीरता से सुने। SDRF की शर्तों में बदलाव और रोपड़ को उसका हक़ मिलने से ही बाढ़ पीड़ितों तक वास्तविक मदद पहुँच सकेगी। उन्होंने उम्मीद जताई कि केंद्र राज्य की समस्याओं को समझकर जल्द ठोस कदम उठाएगा।
