नए साल की शुरुआत में ही सोने और चांदी की कीमतों में तेज़ बढ़ोतरी देखने को मिली है, जिससे आम ग्राहकों की चिंता बढ़ गई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में मजबूत रुझान के असर से देश के बुलियन बाजार में भी कीमती धातुओं के दाम अचानक उछल गए हैं। शुक्रवार को राष्ट्रीय राजधानी के सर्राफा बाजार में सोना और चांदी दोनों ही काफी महंगे हो गए।
सोना 1,100 रुपये चढ़ा
दिल्ली के बुलियन मार्केट में सोने की कीमत में एक ही दिन में 1,100 रुपये की बढ़ोतरी दर्ज की गई। इसके बाद सोना 1,39,440 रुपये प्रति 10 ग्राम (सभी टैक्स सहित) के स्तर पर पहुंच गया। कीमतों में आई इस तेजी ने उन लोगों को ज्यादा परेशान किया है, जो शादी-विवाह या निवेश के लिए सोना खरीदने की योजना बना रहे थे।
चांदी की कीमतों में भी उछाल
सोने के साथ-साथ चांदी की कीमतों में भी जोरदार तेजी आई है। चांदी 4,000 रुपये महंगी होकर 2,41,400 रुपये प्रति किलोग्राम (सभी टैक्स सहित) पर पहुंच गई। चांदी की इस बढ़त से इंडस्ट्रियल यूजर्स और निवेशक दोनों ही हैरान हैं।
अंतरराष्ट्रीय बाजार का असर
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी कीमती धातुओं में मजबूती देखी जा रही है। स्पॉट गोल्ड की कीमत 1.56 फीसदी बढ़कर करीब 4,392.94 डॉलर प्रति औंस हो गई। एक समय यह 1 फीसदी से ज्यादा चढ़कर 4,390 डॉलर के आसपास ट्रेड करता नजर आया। वहीं, स्पॉट सिल्वर भी 4.28 फीसदी की तेजी के साथ 74.52 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच गया।
तेजी के पीछे क्या वजह?
हालांकि कीमतों में इस अचानक उछाल की कोई एक साफ वजह सामने नहीं आई है, लेकिन जानकारों का मानना है कि इसके पीछे अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा भविष्य में ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद एक बड़ा कारण हो सकता है। इसके अलावा, वैश्विक स्तर पर मेटल्स को लेकर सकारात्मक माहौल भी कीमतों को सहारा दे रहा है।
आगे कैसा रह सकता है रुझान
शॉर्ट टर्म आउटलुक पर बात करते हुए बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि अगले हफ्ते अमेरिका से आने वाले अहम आर्थिक आंकड़ों से पहले सोने की कीमतें सीमित दायरे में रह सकती हैं। इनमें ISM मैन्युफैक्चरिंग, ISM नॉन-मैन्युफैक्चरिंग और नॉन-फार्म पेरोल्स जैसी अहम रिपोर्ट्स शामिल हैं। अनुमान है कि सोना आने वाले दिनों में 4,250 से 4,335 डॉलर प्रति औंस के बीच कारोबार कर सकता है।
चांदी की मजबूत शुरुआत
वैश्विक बाजार में चांदी ने साल 2026 की शुरुआत भी मजबूत तरीके से की है। जानकारों के अनुसार, यह तेजी ऐसे समय आई है जब चांदी ने 2025 में चार दशकों में सबसे अच्छी सालाना बढ़त दर्ज की थी। इसी वजह से निवेशकों का रुझान चांदी की ओर भी बना हुआ है।
ग्राहकों के लिए क्या संकेत
कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव को देखते हुए ग्राहकों और निवेशकों को फिलहाल सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है। आने वाले दिनों में अंतरराष्ट्रीय संकेतों के आधार पर सोने-चांदी के दाम और बदल सकते हैं।
