पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने 2026 को राज्य की महिलाओं के लिए सशक्तिकरण और आर्थिक आजादी का साल बताया है। उन्होंने कहा कि ‘मावां-धीयां सत्कार योजना’ के जरिए महिलाओं को अपनी जरूरत और पसंद के हिसाब से सम्मान राशि खर्च करने की स्वतंत्रता मिल रही है। सरकार के अनुसार, योजना के तहत अब तक 74 लाख 59 हजार महिलाओं का पंजीकरण हो चुका है।
65.62 लाख महिलाओं के खातों में पहुंची राशि
मुख्यमंत्री के मुताबिक, अब तक 65 लाख 62 हजार महिलाओं के बैंक खातों में 2,274 करोड़ 42 लाख रुपये की सम्मान राशि ट्रांसफर की जा चुकी है। उन्होंने योजना से अब तक नहीं जुड़ी महिलाओं से पंजीकरण करवाने की अपील की और कहा कि इससे उन्हें योजना का लाभ मिल सकेगा।
तीर्थ यात्रा योजना का भी जिक्र
मुख्यमंत्री ने ‘मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना’ की जानकारी देते हुए बताया कि अब तक 4 लाख से ज्यादा श्रद्धालु श्री आनंदपुर साहिब, नैना देवी और अमृतसर साहिब जैसे धार्मिक स्थलों की यात्रा कर चुके हैं। सरकार की ओर से अब पंजाब से बाहर के धार्मिक स्थलों के लिए भी यात्राओं की सुविधा शुरू करने की बात कही गई है।
हरिद्वार से वृंदावन तक यात्रा की सुविधा
योजना के तहत श्रद्धालुओं को हरिद्वार-ऋषिकेश, श्री खाटू श्याम-सालासर बालाजी और मथुरा-वृंदावन जैसे धार्मिक स्थलों की यात्रा का अवसर दिया जा रहा है। इससे पंजाब के लोगों को धार्मिक यात्राओं के लिए परिवहन सुविधा मिलने की बात कही गई है।
श्री गुरु रविदास जी के 650वें प्रकाश पर्व की तैयारी
मुख्यमंत्री ने श्री गुरु रविदास जी महाराज के 650वें प्रकाश पर्व का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि सालभर चलने वाले कार्यक्रमों के लिए सरकार ने 100 करोड़ रुपये का बजट रखा है। इससे पहले पंजाब सरकार ने श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी के 350वें शहीदी दिवस के अवसर पर भी राज्यभर में धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए थे।
