आम आदमी पार्टी (AAP) ने भाजपा पर आरोप लगाया है कि वह अब चुनाव मुद्दों और कामकाज के आधार पर नहीं, बल्कि केंद्रीय एजेंसियों के जरिए लड़ना चाहती है। पार्टी का कहना है कि जैसे-जैसे चुनाव करीब आते हैं, ED और CBI जैसी एजेंसियों का इस्तेमाल बढ़ जाता है।
AAP के अनुसार इस बार उनके राज्यसभा सदस्य Ashok Kumar Mittal को निशाना बनाया गया है। उनके ठिकानों पर ED की छापेमारी को पार्टी ने राजनीतिक दबाव बनाने की कोशिश बताया है। इस कार्रवाई के बाद पंजाब की राजनीति में हलचल तेज हो गई है।
पार्टी ने दावा किया कि पिछली छापेमारी में कोई सबूत या केस सामने नहीं आया। AAP के मुताबिक यह कार्रवाई सिर्फ उत्पीड़न और लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमला है। उनका कहना है कि इसे कानूनी प्रक्रिया के बजाय राजनीतिक बदले की भावना से किया जा रहा है।
AAP नेताओं का कहना है कि भाजपा एजेंसियों को कठपुतली की तरह इस्तेमाल कर चुनाव जीतने की कोशिश कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह तरीका लोकतंत्र के सिद्धांतों के खिलाफ है और इससे निष्पक्ष राजनीति प्रभावित होती है।
पार्टी ने साफ कहा कि चाहे कितनी भी कोशिशें की जाएं, आम आदमी पार्टी दबाव के आगे नहीं झुकेगी। उनका कहना है कि पंजाब के लोग भी किसी तरह के डर या दबाव में आने वाले नहीं हैं और वे सच्चाई के साथ खड़े रहेंगे।
