आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ प्रवक्ता नील गर्ग ने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर पंजाब के बाढ़ पीड़ितों की अनदेखी का गंभीर आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने अपने 9 सितंबर के पंजाब दौरे के दौरान राज्य के लिए 1,600 करोड़ रुपये का राहत पैकेज देने का वादा किया था, लेकिन 50 दिन बीत जाने के बाद भी एक रुपया तक पंजाब को नहीं मिला।
नील गर्ग ने कहा कि प्रधानमंत्री ने अपने दौरे के दौरान हवाई सर्वेक्षण कर बाढ़ से हुई तबाही का जायज़ा लिया था। उन्होंने किसानों की नष्ट हुई फसलों, मरे हुए पशुओं, टूटे हुए घरों और क्षतिग्रस्त सड़कों व पुलों को देखा और सार्वजनिक रूप से राहत राशि देने का ऐलान किया था। लेकिन आज तक वह रकम केवल कागज़ों तक ही सीमित है।
उन्होंने बताया कि पंजाब सरकार ने केंद्र को 13,000 करोड़ रुपये के कुल नुकसान का विस्तृत मेमोरेंडम (रिपोर्ट) भी सौंपा था, जिसमें फसल, आवास, और इंफ्रास्ट्रक्चर को हुए नुकसान का पूरा ब्यौरा शामिल था। इसके बावजूद केंद्र सरकार ने अब तक अपने प्रधानमंत्री द्वारा किए गए सार्वजनिक वादे को भी पूरा नहीं किया।
नील गर्ग ने तंज कसते हुए कहा, “दुनिया मंगल ग्रह तक पहुँच गई है, लेकिन प्रधानमंत्री का वादा किया गया 1,600 करोड़ रुपये अभी तक पंजाब नहीं पहुँचा। क्या यह किसानों के साथ न्याय है?”
उन्होंने पंजाब भाजपा के नेताओं पर भी सवाल उठाए — खासकर राज्य भाजपा अध्यक्ष सुनील जाखड़ पर, जो प्रधानमंत्री के दौरे के दौरान उनके साथ मौजूद थे। गर्ग ने पूछा, “अब जब 50 दिन बीत चुके हैं, तो यह पैसा आखिर कहाँ है? क्या सुनील जाखड़ और भाजपा नेता उन किसानों को जवाब देंगे जिन्होंने अपनी फसलें, घर और मवेशी सब कुछ खो दिया है, या वे सिर्फ चुप रहेंगे?”
नील गर्ग ने कहा कि यह मुद्दा राजनीति का नहीं बल्कि इंसाफ़ का है। पंजाब के किसान हमेशा देश की रीढ़ रहे हैं — वे सीमाओं की रक्षा करते हैं और पूरे भारत को अनाज देते हैं। ऐसे में जब वे मुसीबत में हैं, तो केंद्र सरकार की चुप्पी “दिल तोड़ने वाली” है। उन्होंने कहा, “आज प्रधानमंत्री की खामोशी उन बाढ़ की लहरों से भी ज़्यादा डरावनी है, जिन्होंने पंजाब के खेतों और घरों को तबाह कर दिया।”
उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी पंजाब के किसानों और बाढ़ प्रभावित परिवारों के साथ पूरी मजबूती से खड़ी है। पार्टी तब तक अपनी आवाज़ बुलंद करती रहेगी जब तक हर प्रभावित व्यक्ति को न्याय और राहत नहीं मिल जाती।
नील गर्ग ने यह भी कहा कि भगवंत मान सरकार ने बाढ़ राहत के मामले में देश के बाकी राज्यों के मुकाबले सबसे अधिक मुआवज़ा दिया है। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार किसानों को प्रति एकड़ सबसे ज़्यादा मुआवज़ा दे रही है और हर संभव मदद सुनिश्चित कर रही है।उन्होंने कहा — “पंजाब के किसानों ने देश को खिलाया है, अब देश की बारी है कि वो पंजाब के साथ खड़ा हो।”
