पंजाब कृषि विश्वविद्यालय (PAU) लुधियाना में आयोजित किसान मेले में मुख्यमंत्री भगवंत मान ने हिस्सा लिया और खेती में नई तकनीक के इस्तेमाल पर ज़ोर दिया। उन्होंने कहा कि आने वाला समय टेक्नोलॉजी का है और खेती को भी इसके साथ जोड़ना बेहद जरूरी है। AI आधारित खेती की शुरुआत पंजाब से होने जा रही है, जो किसानों के लिए एक बड़ा बदलाव साबित हो सकती है।
खेती और तकनीक का मेल
CM मान ने कहा कि बदलते समय के अनुसार खेती के तरीकों को भी बदलना होगा। उन्होंने PAU से अपील की कि नए बीज और तकनीकों को पहले प्रयोग के बाद ही किसानों तक पहुंचाया जाए, ताकि किसानों को सही और भरोसेमंद जानकारी मिल सके। इससे फसल उत्पादन बढ़ेगा और किसानों की आमदनी में भी सुधार होगा।
किसानों को मिल रही सुविधाएं
मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार ने बिजली और सिंचाई व्यवस्था में भी बड़े सुधार किए हैं। किसानों को दिन के समय बिजली उपलब्ध करवाई जा रही है और नए मोघे (पानी के आउटलेट) बनाए गए हैं, जिससे खेतों तक पर्याप्त पानी पहुंच रहा है। उन्होंने कहा कि अब किसानों को भाखड़ा नहर की तरह पानी मिल रहा है, जिससे खेती आसान हो गई है।
PAU का महत्व और सम्मान
CM मान ने पंजाब कृषि विश्वविद्यालय को “अन्नदाता किसानों की राजधानी” बताया और गर्व से कहा कि यह विश्वविद्यालय दुनिया के टॉप 100 संस्थानों में शामिल है। इस मौके पर विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. सतबीर सिंह गोसल को भी सम्मानित किया गया।
युवाओं के लिए खेल पर ज़ोर
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने युवाओं को खेलों से जोड़ने की बात भी कही। उन्होंने कहा कि खेल युवाओं को गलत रास्तों से दूर रखते हैं और आत्मविश्वास बढ़ाते हैं। इसके लिए विश्वविद्यालयों के मैदानों में अंतरराष्ट्रीय मैच आयोजित करने की योजना भी बनाई जा रही है।
सकारात्मक सोच से बदलाव संभव
CM मान ने कहा कि अगर नीयत साफ हो तो हर लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार किसानों और युवाओं के हित में लगातार काम कर रही है और पंजाब को हर क्षेत्र में आगे ले जाने के लिए प्रतिबद्ध है।
