पंजाब में बाढ़ के कारण बने हालात को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने जनता की सुरक्षा और स्वास्थ्य हित में विशेष एडवाइजरी जारी की है। विभाग ने अपने कर्मचारियों और अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे लोगों को इन सावधानियों के बारे में जागरूक करें।
हेल्पलाइन नंबर से मिलेगी मदद
सिविल सर्जन डॉ. स्वर्णजीत धवन ने जानकारी दी कि किसी भी तरह की समस्या या अधिक जानकारी के लिए हेल्पलाइन नंबर 89680-08060 जारी किया गया है। इस दौरान जिला एपिडेमियोलॉजिस्ट डॉ. हरजोत कौर, जिला एम.ई.आई.ओ. अमरदीप सिंह और पूरा स्वास्थ्य विभाग का स्टाफ मौजूद रहा।
बाढ़ के पानी से सीधे संपर्क से बचें
एडवाइजरी में कहा गया है कि लोगों को बाढ़ के पानी से सीधे संपर्क से बचना चाहिए। इससे त्वचा संबंधी रोग जैसे खुजली, फोड़े-फुंसियां या एलर्जी हो सकती है। ऐसे में सुरक्षा बेहद जरूरी है।
हाथों की सफाई और खाने-पीने की आदतें
खाने से पहले हाथों को साबुन और साफ पानी से अच्छी तरह धोना जरूरी है। इसके अलावा पीने का पानी और खाने की चीजों को ढककर रखें ताकि वे बाढ़ के पानी के संपर्क में न आएं।
सुरक्षित भोजन और पानी का सेवन
स्वास्थ्य विभाग ने सलाह दी है कि लोग केवल उबला हुआ या क्लोरीन मिला पानी ही पिएं। फलों और सब्जियों को अच्छे से धोकर ही खाएं। वहीं, जो भी खाना बाढ़ के पानी के संपर्क में आ चुका हो, उसे बिल्कुल न खाएं।
घर और आसपास सफाई पर ध्यान दें
एडवाइजरी में कहा गया है कि घर और आसपास जमा पानी को तुरंत हटाना चाहिए। साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखने से संक्रमण फैलने से रोका जा सकता है।
मच्छरों से बचाव जरूरी
मच्छरों के प्रकोप से बचने के लिए मच्छरदानी, रिपेलेंट लोशन या कॉइल का इस्तेमाल करने की सलाह दी गई है। बाढ़ के बाद मच्छरों से होने वाली बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है।
बच्चों और बुजुर्गों पर विशेष ध्यान
बच्चों और बुजुर्गों को बाढ़ के दौरान और उसके बाद विशेष सुरक्षा की आवश्यकता होती है। उनके स्वास्थ्य को लेकर लापरवाही खतरनाक साबित हो सकती है।
स्वच्छता और शौचालय का उपयोग
लोगों को शौचालय का इस्तेमाल करने और खुले में शौच से बचने की अपील की गई है। कचरे का सही तरीके से निस्तारण करना भी जरूरी है ताकि बीमारियां न फैलें।
बीमारी की स्थिति में तुरंत डॉक्टर से संपर्क
अगर कोई व्यक्ति बीमार महसूस करता है तो तुरंत नजदीकी अस्पताल या स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करे। समय पर इलाज मिलने से गंभीर बीमारियों से बचाव संभव है।
