बेलफास्ट में खेले गए पहले टी20 मुकाबले में आयरलैंड ने शानदार प्रदर्शन करते हुए भारत को 34 रन से हरा दिया। इस जीत के साथ आयरलैंड ने क्रिकेट इतिहास में पहली बार भारत के खिलाफ किसी भी अंतरराष्ट्रीय प्रारूप में जीत दर्ज की। इस परिणाम ने क्रिकेट जगत को चौंका दिया और दो मैचों की टी20 सीरीज में आयरलैंड ने 1-0 की बढ़त बना ली।
पहले बल्लेबाजी कर बनाया चुनौतीपूर्ण स्कोर
टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करने उतरी आयरलैंड की टीम ने 20 ओवर में 9 विकेट खोकर 182 रन बनाए। कप्तान लॉर्कन टकर ने जिम्मेदारी भरी पारी खेली, जबकि गैरेथ डेलानी ने तेज रन बनाकर टीम को मजबूत स्कोर तक पहुंचाया। शुरुआती झटकों के बावजूद मध्यक्रम ने शानदार वापसी की और भारतीय गेंदबाजों पर दबाव बनाए रखा।
भारतीय बल्लेबाजी पूरी तरह बिखरी
183 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम शुरुआत से ही दबाव में दिखाई दी। नियमित अंतराल पर विकेट गिरते रहे और कोई भी बल्लेबाज बड़ी साझेदारी नहीं बना सका। आयरलैंड के गेंदबाजों ने सटीक लाइन और लेंथ के साथ गेंदबाजी करते हुए भारत को 18.5 ओवर में 148 रन पर समेट दिया। टी20 विश्व चैंपियन टीम का बल्लेबाजी क्रम इस मुकाबले में पूरी तरह संघर्ष करता नजर आया।
गेंदबाजों ने बदला मैच का रुख
आयरलैंड की जीत में उसके गेंदबाजों की सबसे बड़ी भूमिका रही। मैथ्यू होलार्ड ने शानदार गेंदबाजी करते हुए तीन विकेट लिए और उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। मैथ्यू हम्फ्रीज ने भी तीन महत्वपूर्ण विकेट लेकर भारतीय बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी। युवा गेंदबाजों ने दबाव के क्षणों में बेहतरीन प्रदर्शन कर मैच पूरी तरह आयरलैंड के पक्ष में कर दिया।
सीरीज हुई रोमांचक
पहले ही मुकाबले में मिली इस ऐतिहासिक जीत से आयरलैंड का आत्मविश्वास काफी बढ़ गया है। दूसरी ओर भारतीय टीम के सामने अब सीरीज बचाने की चुनौती है। अगले मुकाबले में भारत जीत दर्ज कर सीरीज बराबर करना चाहेगा, जबकि आयरलैंड जीत के साथ सीरीज अपने नाम करने के इरादे से मैदान में उतरेगा।
