जहां देश के कई राज्यों में सरकारी नौकरी युवाओं के लिए सिर्फ सपना बनकर रह गई है, वहीं पंजाब इस मामले में अलग और सकारात्मक तस्वीर पेश कर रहा है। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने जालंधर के पीएपी ग्राउंड में एक ऐतिहासिक कार्यक्रम के दौरान 1,746 नए पुलिस कांस्टेबलों को नियुक्ति पत्र सौंपे। यह कदम केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि युवाओं को अवसर देने की सरकार की मजबूत सोच को दर्शाता है।
चार साल में 63 हजार से ज्यादा नौकरियां
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने बताया कि 16 मार्च 2022 से अब तक पंजाब सरकार ने 63,027 युवाओं को सरकारी नौकरियां दी हैं। औसतन हर दिन करीब 45 युवाओं को नौकरी मिली है। यह अपने आप में एक रिकॉर्ड है और यह साबित करता है कि सरकार सिर्फ वादे नहीं, बल्कि ज़मीनी स्तर पर काम कर रही है।
पूरी तरह मेरिट पर आधारित भर्ती
सीएम मान ने साफ कहा कि ये नियुक्तियां किसी एहसान के तहत नहीं, बल्कि पूरी तरह योग्यता और पारदर्शी प्रक्रिया के आधार पर की गई हैं। उन्होंने कहा कि पहले की सरकारों में सिफारिश और रिश्वत का बोलबाला था, लेकिन अब योग्य युवाओं को उनका हक मिल रहा है। कई ऐसे युवा भी हैं, जिन्हें इस कार्यकाल में एक से ज्यादा सरकारी नौकरियां मिली हैं।
पंजाब पुलिस को मिली नई ताकत
नए भर्ती हुए कांस्टेबलों में 1,261 जिला कैडर और 485 सशस्त्र कैडर के जवान शामिल हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले चार वर्षों में 10,264 युवाओं की भर्ती से पंजाब पुलिस और ज्यादा मजबूत हुई है। सीमावर्ती राज्य होने के कारण पंजाब को कई तरह की चुनौतियों का सामना करना पड़ता है, ऐसे में मजबूत पुलिस बल बेहद जरूरी है।
नशों और अपराध के खिलाफ निर्णायक लड़ाई
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब सरकार नशों के खिलाफ पूरी ताकत से लड़ रही है। ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ अभियान के तहत नशा तस्करों को जेल भेजा जा रहा है और अवैध संपत्तियों पर बुलडोजर चलाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह अभियान तब तक जारी रहेगा, जब तक पंजाब को पूरी तरह नशा मुक्त नहीं बना दिया जाता।

साइबर अपराध और गैंगस्टरों पर सख्ती
सीएम मान ने बताया कि साइबर अपराध से निपटने के लिए पंजाब पुलिस लगातार तकनीकी रूप से मजबूत हो रही है। स्टेट साइबर क्राइम विंग को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मान भी मिल चुका है। इसके साथ ही गैंगस्टरों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई जारी है, ताकि राज्य में कानून व्यवस्था मजबूत बनी रहे।
सड़क सुरक्षा में भी बड़ी सफलता
पंजाब में गठित रोड सेफ्टी फोर्स की सराहना करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इसके चलते सड़क हादसों में मौतों में करीब 48 प्रतिशत की कमी आई है। यह पहल न सिर्फ पंजाब, बल्कि पूरे देश के लिए एक उदाहरण बन चुकी है।
युवाओं से सेवा और ईमानदारी की अपील
अपने संबोधन के अंत में मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने नए पुलिस जवानों से अपील की कि वे पूरी ईमानदारी, मेहनत और संवेदनशीलता के साथ जनता की सेवा करें। उन्होंने कहा कि पंजाब पुलिस का हिस्सा बनना गर्व की बात है और अब इन युवाओं की जिम्मेदारी है कि वे राज्य की शांति, सुरक्षा और प्रगति में अहम भूमिका निभाएं।
