दीवाली के खास मौके पर सोमवार को हुए मूहूर्त ट्रेडिंग सत्र में भारतीय शेयर बाजार में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। निवेशकों ने शुभ मुहूर्त पर जमकर खरीदारी की और बाजार हरे निशान पर खुला। निफ्टी 25,900 के पार पहुंच गया, जबकि सेंसेक्स 84,600 के ऊपर खुला। इस दौरान निफ्टी करीब 85 अंक ऊपर और सेंसेक्स 264 अंक की बढ़त पर कारोबार करता दिखा।
आईटी और ऑटो सेक्टर में शानदार तेजी देखने को मिली, वहीं बाकी सभी सेक्टर भी हरे निशान में कारोबार कर रहे थे। दीवाली के इस शुभ दिन पर निवेशकों का मूड पूरी तरह सकारात्मक नजर आया।
कई शेयरों में जोरदार उछाल
डीसीबी बैंक के शेयरों में करीब 5% की तेजी देखी गई, जबकि साउथ इंडियन बैंक के शेयर 4% से ज्यादा चढ़ गए। टाटा इन्वेस्टमेंट के शेयरों में 6% तक की छलांग लगी। ब्लैकबक के शेयरों में भी लगभग 4% की मजबूती आई।
बीएसई के टॉप 30 शेयरों में से सिर्फ छह में गिरावट देखने को मिली। इनमें कोटक महिंद्रा बैंक में सबसे ज्यादा करीब 1% की गिरावट आई। दूसरी ओर, इंफोसिस के शेयरों में लगभग 1% की बढ़त दर्ज की गई। बजाज फाइनेंस, अडानी पावर, सिप्ला, टाटा मोटर्स और हुंडई मोटर्स इंडिया जैसे शेयरों में भी 1% से अधिक की तेजी देखी गई।
119 शेयर ऊपरी सर्किट पर पहुंचे
बीएसई में कुल 3,404 शेयरों में कारोबार हुआ, जिनमें से 2,639 बढ़त में और 610 गिरावट में रहे। 155 शेयरों में कोई बदलाव नहीं हुआ। इस दौरान 122 शेयर 52 हफ्ते के ऊपरी स्तर पर पहुंच गए, जबकि 28 शेयर 52 हफ्ते के निचले स्तर पर रहे। वहीं, 119 शेयर ऊपरी सर्किट में और 51 निचले सर्किट में फंसे रहे।
सोना-चांदी की कीमतों में गिरावट
मंगलवार को सोने और चांदी दोनों की कीमतों में बड़ी गिरावट दर्ज की गई। एमसीएक्स पर चांदी करीब ₹8,000 प्रति किलो गिरकर ₹1.50 लाख के नीचे आ गई। वहीं, सोने की कीमतों में लगभग ₹2,500 की गिरावट देखी गई।
मूहूर्त ट्रेडिंग का महत्व
दीवाली पर देशभर में मंदिरों और घरों में पूजा-अर्चना के साथ-साथ निवेशक शेयर बाजार में भी शुभ शुरुआत करते हैं। मुहूर्त ट्रेडिंग इस साल दोपहर 1:45 से 2:45 बजे तक चली। इस एक घंटे के दौरान निवेशक पारंपरिक रूप से नए साल के लिए निवेश करते हैं और खरीदे गए शेयरों को लंबे समय तक पोर्टफोलियो में रखते हैं।
ब्रोकर फर्मों का कहना है कि भारतीय बाजार फिलहाल मजबूत घरेलू मांग, बेहतरीन कॉर्पोरेट नतीजों और स्थिर आर्थिक हालात के कारण मजबूती दिखा रहा है। निवेशकों को उम्मीद है कि आने वाला साल भी बाजार के लिए शुभ साबित होगा।
