दिल्ली के जंतर-मंतर पर शिक्षा व्यवस्था और परीक्षा सुधार की मांग को लेकर प्रदर्शन दूसरे दिन भी जारी रहा। आंदोलन का नेतृत्व कर रहे अभिजीत दीपके अपने समर्थकों के साथ धरना स्थल पर डटे रहे। प्रदर्शनकारियों ने साफ कहा कि उनकी प्रमुख मांगों पर ठोस फैसला होने तक आंदोलन जारी रहेगा।
दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी
प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर और आसपास के इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी। कई स्थानों पर बैरिकेड लगाए गए और कुछ मेट्रो स्टेशनों के प्रवेश और निकास पर भी प्रतिबंध लगाए गए, ताकि भीड़ को नियंत्रित किया जा सके। राजधानी के संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया।
सोनम वांगचुक की सेहत पर नजर
आंदोलन का समर्थन कर रहे सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक का अनशन जारी है। स्वास्थ्य संबंधी निगरानी लगातार की जा रही है और उन्हें बेहतर इलाज के लिए निजी अस्पताल में स्थानांतरित किया गया है। रिपोर्ट के अनुसार उनकी हालत फिलहाल स्थिर बताई गई है।
बातचीत से नहीं निकला समाधान
सरकार और आंदोलन के प्रतिनिधियों के बीच बातचीत की कोशिशें हुईं, लेकिन अब तक किसी सहमति की घोषणा नहीं हुई है। अभिजीत दीपके ने कहा कि आंदोलन की मांगों पर स्पष्ट निर्णय नहीं लिया गया, इसलिए धरना जारी रहेगा। वहीं सरकार की ओर से संवाद की प्रक्रिया जारी रखने की बात कही गई है।
अन्य शहरों में भी दिखा समर्थन
दिल्ली के अलावा देश के कई शहरों में भी इस आंदोलन के समर्थन में प्रदर्शन किए गए। विभिन्न छात्र संगठनों और युवाओं ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार तथा जवाबदेही की मांग को लेकर रैलियां और विरोध प्रदर्शन आयोजित किए। इससे यह आंदोलन राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बना हुआ है।
