‘सोनम वांगचुक को बनाया जाए शिक्षा मंत्री’, जंतर-मंतर पहुंचे अरविंद केजरीवाल ने उठाई मांग
आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल दिल्ली के जंतर-मंतर पहुंचे, जहां उन्होंने पिछले कई दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे शिक्षाविद और सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने वांगचुक के आंदोलन का समर्थन करते हुए कहा कि उनकी मांगें देश के छात्रों और शिक्षा व्यवस्था से जुड़ी हैं तथा इन्हें गंभीरता से सुना जाना चाहिए।
‘वांगचुक को बनाया जाए शिक्षा मंत्री’
मीडिया से बातचीत के दौरान अरविंद केजरीवाल ने कहा कि यदि देश की शिक्षा व्यवस्था में वास्तविक सुधार करना है, तो सोनम वांगचुक जैसे शिक्षा सुधारक को केंद्रीय शिक्षा मंत्री बनाया जाना चाहिए। उन्होंने वांगचुक के शिक्षा क्षेत्र में किए गए कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि उनके अनुभव का लाभ देश को मिलना चाहिए।
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग
केजरीवाल ने मौजूदा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की भी मांग की। उनका आरोप है कि हाल के वर्षों में प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े विवादों और कथित अनियमितताओं ने छात्रों का भरोसा कमजोर किया है। उन्होंने कहा कि शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए जिम्मेदारी तय की जानी चाहिए।
आंदोलन को मिल रहा राजनीतिक समर्थन
सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल को कई विपक्षी नेताओं और सामाजिक संगठनों का समर्थन मिल रहा है। जंतर-मंतर पर लगातार विभिन्न राजनीतिक दलों के नेता पहुंच रहे हैं और आंदोलन के प्रति एकजुटता जता रहे हैं। वांगचुक की भूख हड़ताल शिक्षा व्यवस्था में सुधार और परीक्षा प्रणाली से जुड़े मुद्दों को लेकर जारी है, जिस पर राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा तेज हो गई है।
