पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने शुक्रवार को एक हाई-लेवल बैठक की अध्यक्षता की, जिसमें बाढ़ प्रभावित इलाकों की स्थिति और राहत कार्यों की समीक्षा की गई। बैठक में सीएम ने स्पष्ट किया कि बाढ़ से प्रभावित हर व्यक्ति को मुआवज़ा मिलेगा और इसके लिए विशेष गिरदावरी के आदेश पहले ही जारी किए जा चुके हैं।
इतिहास का सबसे बड़ा मुआवज़ा
मुख्यमंत्री मान ने कहा कि इस बार दिया जाने वाला मुआवज़ा पंजाब के इतिहास का सबसे बड़ा होगा। उन्होंने पूर्ववर्ती सरकारों पर तंज कसते हुए कहा कि पहले 25 से 40 रुपये तक के चेक भी बांटे जाते थे, जिनके लिए लोगों को काफी मशक्कत करनी पड़ती थी। लेकिन अब मुआवज़ा सिर्फ कागज़ी घोषणा तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि समय पर पीड़ितों तक पहुंचेगा।
किसानों और परिवारों के लिए राहत पैकेज
सीएम ने ऐलान किया कि जिन किसानों की फसल बर्बाद हुई है, उन्हें 20 हज़ार रुपये प्रति एकड़ मुआवज़ा मिलेगा। जहां 100% नुकसान हुआ है, वहां एक महीने के भीतर पहला चेक लोगों को सौंप दिया जाएगा। घरों को हुए नुकसान का भी मुआवज़ा दिया जाएगा और इसकी राशि बढ़ाकर दी जाएगी। मान ने कहा कि एसडीआरएफ से मिलने वाले 6800 रुपये को राज्य सरकार अपनी ओर से बढ़ाकर 40 हज़ार रुपये करेगी।
पशुओं और जानमाल का नुकसान
मुख्यमंत्री ने बताया कि बाढ़ में जिन पशुओं की मौत हुई है, उनके लिए 37,500 रुपये का मुआवज़ा दिया जाएगा। अन्य पशुओं के नुकसान की भरपाई नियमों के अनुसार होगी। उन्होंने कहा कि यह समय कंजूसी का नहीं है, बल्कि प्रभावित परिवारों को राहत पहुंचाने का है। बाढ़ के कारण अब तक 55 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जिनमें से 42 मृतकों के परिजनों को मुआवज़ा दिया जा चुका है।
जनता और अधिकारियों से उम्मीदें
भगवंत मान ने इस मौके पर पंजाबियों का धन्यवाद भी किया, जिन्होंने बाढ़ प्रभावितों की मदद में बढ़-चढ़कर योगदान दिया। उन्होंने कहा कि पंजाबियों ने पूरे देश को दिखा दिया कि आपदा से निपटना उन्हें बखूबी आता है। इसके साथ ही अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि राहत कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही या भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि कोई अधिकारी प्रभाव में आकर गलत काम करेगा तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
सीएम का संकल्प
सीएम मान ने भावुक होकर कहा, “मैं एक किसान का बेटा हूं और किसानों के दर्द को अच्छी तरह समझता हूं। जब तक हर प्रभावित व्यक्ति को मुआवज़ा नहीं मिल जाता, तब तक मैं चैन से नहीं सोऊंगा।” उन्होंने भरोसा दिलाया कि आने वाले 30 से 40 दिनों के भीतर विशेष गिरदावरी का डेटा आ जाएगा और तैयार चेक तुरंत लोगों तक पहुंचाए जाएंगे।
