आमदनी से अधिक संपत्ति मामले में विजिलेंस डिपार्टमेंट की तरफ से नामजद पूर्व मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया आज अदालत में पेश हुए। जेल प्रशासन की ओर से उन्हें वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से अदालत में पेश किया गया।
अदालत ने आज बिक्रम मजीठिया की न्यायिक हिरासत बढ़ाकर 4 अक्टूबर तक के लिए बढ़ा दी है। इस दौरान उन्हें अदालत में पुनः पेश होने का आदेश दिया गया।
इस मामले में मजीठिया के वकीलों ने अदालत से चार्जशीट की फिज़िकल कॉपी प्राप्त करने के लिए आवेदन किया था, जिसे अदालत ने खारिज कर दिया। हालांकि, आज मजीठिया के वकीलों को चार्जशीट की फिज़िकल कॉपियाँ सौंप दी गईं।
सूत्रों के अनुसार, चार्जशीट की कुल 40,000 के करीब कॉपियाँ हैं। इन्हें ले जाने के लिए मजीठिया के वकीलों ने एक इनोवा कार का इस्तेमाल किया। चार्जशीट में संपत्ति, बैंक खातों और अन्य दस्तावेजों का विस्तृत विवरण शामिल है, जिसे पढ़कर मामले की गहराई को समझा जा सकता है।
इस मामले में आमदनी से अधिक संपत्ति का आरोप मजीठिया पर लंबे समय से लगा हुआ है। विजिलेंस ने जांच के दौरान पाया कि मजीठिया और उनके परिवार की संपत्ति उनकी घोषित आमदनी से कहीं अधिक है।
अब अदालत के अगले आदेश और 4 अक्टूबर को होने वाली पेशी पर सभी की नजरें टिकी हैं। यह मामला पंजाब के राजनीतिक और कानून व्यवस्था के दृष्टिकोण से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
