गुरदासपुर के पंचायत भवन में आज डी.आई.जी. साइबर क्राइम नवीन सैनी ने शहर के व्यापारियों, दुकानदारों, डॉक्टरों और अन्य पेशेवरों के साथ बैठक की। इस दौरान एस.एस.पी. गुरदासपुर आदित्य समेत कई पुलिस अधिकारी भी मौजूद रहे।
जनता के सहयोग से मिले परिणाम
बैठक में डी.आई.जी. सैनी ने लोगों से नशा और अपराध को जड़ से खत्म करने के लिए सुझाव मांगे। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि समाज नशे के खिलाफ निर्णायक जंग लड़े। उन्होंने बताया कि पंजाब पुलिस ने सरकार के सहयोग और जनता की मदद से नशे की समस्या पर काफी हद तक काबू पाया है।
गुरदासपुर पुलिस की सराहना
डी.आई.जी. सैनी ने गुरदासपुर पुलिस की कार्यप्रणाली की तारीफ की। उन्होंने कहा कि एस.एस.पी. आदित्य ने जिस तरह नशा विरोधी मुहिम में रिकवरी और तस्करों की संपत्ति ज़ब्त करने के आंकड़े पेश किए, वह गुरदासपुर पुलिस की मजबूत कार्रवाई को दर्शाता है।
‘युद्ध नशियों विरुद्ध’ अभियान के नतीजे
डी.आई.जी. ने आगे बताया कि पंजाब पुलिस द्वारा 1 मार्च को शुरू किए गए ‘युद्ध नशियों विरुद्ध’ अभियान के तहत अब तक बड़े नतीजे सामने आए हैं। राज्य भर में 16,705 एफआईआर दर्ज की गईं और 26,085 नशा तस्करों को गिरफ्तार किया गया।
बड़ी मात्रा में नशा और संपत्ति जब्त
इस अभियान के दौरान पुलिस ने तस्करों के कब्जे से 1076 किलो हेरोइन, 372 किलो अफीम, 217 क्विंटल भुक्की, 415 किलो गांजा, 32.53 लाख नशीली गोलियां/कैप्सूल, 6 किलो ICE और 12.38 करोड़ रुपये की ड्रग मनी बरामद की।
‘सेफ पंजाब’ चैटबोट से मिली ताकत
नवीन सैनी ने बताया कि पंजाब पुलिस द्वारा शुरू किया गया ‘सेफ पंजाब’ एंटी-ड्रग व्हाट्सएप चैटबोट (97791-00200) को आम जनता का भरपूर सहयोग मिला है। इसके जरिए लोगों की शिकायतों और सुझावों के आधार पर 5000 से ज्यादा एफआईआर दर्ज की गईं।
